11.10.2020

वरदान:-

5 विकार रूपी दुश्मन को परिवर्तित कर सहयोगी बनाने वाले मायाजीत जगतजीत भव

विजयी, दुश्मन का रूप परिवर्तन जरूर करता है। तो आप विकारों रूपी दुश्मन को परिवर्तित कर सहयोगी स्वरूप बना दो जिससे वे सदा आपको सलाम करते रहेंगे। काम विकार को शुभ कामना के रूप में, क्रोध को रूहानी खुमारी के रूप में, लोभ को अनासक्त वृत्ति के रूप में, मोह को स्नेह के रूप में और देहाभिमान को स्वाभिमान के रूप में परिवर्तित कर दो तो मायाजीत जगतजीत बन जायेंगे।

स्लोगन:-

रीयल गोल्ड में मेरा पन ही अलाए है, जो वैल्यु को कम कर देता है इसलिए मेरेपन को समाप्त करो।