16.10.2020

"मीठे बच्चे - तुम्हें संगम पर सेवा करके गायन लायक बनना है फिर भविष्य में पुरूषोत्तम बनने से तुम पूजा लायक बन जायेंगे''

प्रश्नः-

कौन सी बीमारी जड़ से समाप्त हो तब बाप की दिल पर चढ़ेंगे?

उत्तर:-

1. देह-अभिमान की बीमारी। इसी देह-अभिमान के कारण सभी विकारों ने महारोगी बनाया है। यह देह-अभिमान समाप्त हो जाए तो तुम बाप की दिल पर चढ़ो। 2. दिल पर चढ़ना है तो विशाल बुद्धि बनो, ज्ञान चिता पर बैठो। रूहानी सेवा में लग जाओ और वाणी चलाने के साथ-साथ बाप को अच्छी रीति याद करो।

वरदान:-

सभी को ठिकाना देने वाले रहमदिल बाप के बच्चे रहमदिल भव

रहमदिल बाप के रहमदिल बच्चे किसी को भी भिखारी के रूप में देखेंगे तो उन्हें रहम आयेगा कि इस आत्मा को भी ठिकाना मिल जाए, इसका भी कल्याण हो जाए। उनके सम्पर्क में जो भी आयेगा उसे बाप का परिचय जरूर देंगे। जैसे कोई घर में आता है तो पहले उसे पानी पूछा जाता है, ऐसे ही चला जाए तो बुरा समझते हैं, ऐसे जो भी सम्पर्क में आता है उसे बाप के परिचय का पानी जरूर पूछो अर्थात् दाता के बच्चे दाता बनकर कुछ न कुछ दो ताकि उसे भी ठिकाना मिल जाए।

स्लोगन:-

यथार्थ वैराग्य वृत्ति का सहज अर्थ है - जितना न्यारा उतना प्यारा।